
संगम से सुब्रत कुमेटी की रिपोर्ट
नक्सल प्रभावित ग्राम बारकोट में पहली बार लग रहा है जियो टॉवर, बुनियादी सुविधाओं के लिए अब भी जूझ रहा गांव।
संगम, बारकोट@ 04 फरवरी। नक्सल प्रभावित ग्राम बारकोट में पहली बार मोबाइल नेटवर्क की सुविधा मिलने जा रही है। गांव में जियो कंपनी का मोबाइल टॉवर लगाया जा रहा है, जिससे ग्रामीणों में खुशी है। अब तक नेटवर्क न होने के कारण लोगों को फोन करने के लिए कई किलोमीटर दूर जाना पड़ता था, खासकर आपात स्थिति में भारी परेशानी होती थी।
मोबाइल टॉवर लगना गांव के लिए बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है, लेकिन आज़ादी के दशकों बाद भी गांव बुनियादी सुविधाओं से वंचित है। ग्रामीणों का कहना है कि अब तक बड़ी सरकारी योजनाओं का पूरा लाभ गांव तक नहीं पहुंच पाया।
शिक्षा व्यवस्था कमजोर
गांव में केवल एक प्राथमिक स्कूल है, जिसकी हालत खराब है। पर्याप्त कक्षाएं नहीं हैं और शौचालय की भी व्यवस्था नहीं है। बच्चे फर्श पर बैठकर पढ़ाई करते हैं। बरसात में स्कूल की छत टपकती है, जिससे पढ़ाई प्रभावित होती है। अभिभावकों के अनुसार सुविधाओं की कमी से कई बच्चे पढ़ाई छोड़ देते हैं।
सड़क, स्वास्थ्य और पानी की समस्या
गांव तक पहुंचने वाली सड़क कच्ची है, जिससे बारिश में आवागमन बंद जैसा हो जाता है। गांव में स्वास्थ्य केंद्र नहीं है, जिससे बीमार लोगों को समय पर इलाज नहीं मिल पाता। पीने के पानी की भी पर्याप्त व्यवस्था नहीं है।




