भानुप्रतापपुर/ महर्षि वाल्मीकि महाविद्यालय में पत्रकारिता विभाग का निरीक्षण, विद्यार्थियों को मिला विशेषज्ञों का मार्गदर्शन।
बस्तर संभाग के एकमात्र पत्रकारिता डिग्री महाविद्यालय में विश्वविद्यालय अधिकारियों का दौरा, करियर पर दिए महत्वपूर्ण सुझाव।

भानुप्रतापपुर महाविद्यालय में पत्रकारिता विभाग का निरीक्षण, विद्यार्थियों को मिला विशेषज्ञों का मार्गदर्शन
भानुप्रतापपुर @ 23 मार्च 2026। कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय, रायपुर के उपकुलसचिव सौरभ शर्मा एवं वरिष्ठ प्राध्यापक डॉ. आशुतोष मण्डावी ने शासकीय महर्षि वाल्मीकि स्नातकोत्तर महाविद्यालय, भानुप्रतापपुर का निरीक्षण किया। बस्तर संभाग में पत्रकारिता विषय में डिग्री पाठ्यक्रम संचालित करने वाला यह एकमात्र महाविद्यालय है, जिससे इसकी शैक्षणिक महत्ता और भी बढ़ जाती है। यह निरीक्षण कार्यक्रम महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. रश्मि सिंह के दिशानिर्देश में संपन्न हुआ। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग का अवलोकन किया तथा विद्यार्थियों से संवाद स्थापित कर उनके अध्ययन, पाठ्यक्रम और भविष्य की संभावनाओं पर चर्चा की। इस दौरान विद्यार्थियों ने अपने शैक्षणिक अनुभव साझा करते हुए विभिन्न जिज्ञासाओं पर अधिकारियों से विस्तारपूर्वक मार्गदर्शन प्राप्त किया।
उपकुलसचिव सौरभ शर्मा ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि पत्रकारिता केवल एक डिग्री नहीं, बल्कि समाज के प्रति जिम्मेदारी निभाने का माध्यम है। उन्होंने कहा कि एक पत्रकार लोकतंत्र का सशक्त स्तंभ होता है, जो समाज को सही दिशा देने का कार्य करता है। उन्होंने विशेष रूप से इस महाविद्यालय की भूमिका को रेखांकित करते हुए कहा कि बस्तर संभाग में पत्रकारिता की पढ़ाई का यह एकमात्र केंद्र होने के कारण यहां के विद्यार्थियों पर अतिरिक्त जिम्मेदारी है कि वे अपने क्षेत्र की आवाज को राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाएं। उन्होंने विद्यार्थियों को प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक एवं डिजिटल मीडिया में उपलब्ध अवसरों की जानकारी देते हुए कौशल विकास, इंटर्नशिप और तकनीकी दक्षता पर विशेष ध्यान देने की बात कही।
वरिष्ठ प्राध्यापक डॉ. आशुतोष मण्डावी ने विद्यार्थियों से कहा कि आप ऐसे पाठ्यक्रम में अध्ययन कर रहे हैं, जो भीड़ से अलग पहचान दिलाएगा। उन्होंने कहा कि पत्रकार का कार्य केवल समाचार देना नहीं, बल्कि समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाना भी है। बस्तर क्षेत्र की विशेषताओं का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र की सामाजिक एवं सांस्कृतिक विविधता को सही ढंग से प्रस्तुत करना यहां के विद्यार्थियों की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। उन्होंने विश्वविद्यालय में संचालित विभिन्न पाठ्यक्रमों की जानकारी देते हुए विद्यार्थियों को नई तकनीकों को अपनाने, फील्ड वर्क करने और प्रैक्टिकल अनुभव पर ध्यान देने की सलाह दी।
प्रभारी प्राचार्य सुषमा चालकी ने कहा कि यह महाविद्यालय के लिए गर्व का विषय है कि बस्तर संभाग में पत्रकारिता डिग्री का एकमात्र केंद्र होने के नाते विश्वविद्यालय के अधिकारियों का मार्गदर्शन प्राप्त हुआ। उन्होंने कहा कि इससे विद्यार्थियों को नई दिशा और प्रेरणा मिलेगी तथा महाविद्यालय में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने के प्रयास निरंतर जारी हैं। वहीं वरिष्ठ प्राध्यापक एवं एनईपी संयोजक रितेश कुमार नाग ने कहा कि नई शिक्षा नीति के तहत शिक्षा को अधिक व्यावहारिक और कौशल आधारित बनाया जा रहा है, जो पत्रकारिता जैसे विषय में विशेष रूप से आवश्यक है।
अंत में पत्रकारिता विभाग के विभागाध्यक्ष श्रीदाम ढाली ने आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह कार्यक्रम विद्यार्थियों के लिए अत्यंत प्रेरणादायक रहा। उन्होंने विश्वविद्यालय से पधारे उपकुलसचिव सौरभ शर्मा एवं वरिष्ठ प्राध्यापक डॉ. आशुतोष मण्डावी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनके मार्गदर्शन से विद्यार्थियों को नई दिशा मिलेगी।




