
अयोध्या राम मंदिर में कथित चढ़ावा, दान और जमीन संबंधी अनियमितताओं के विरोध में शिवसेना (उद्धव गुट) का प्रदर्शन।
पखांजूर। अयोध्या स्थित भगवान श्रीराम मंदिर से जुड़े ट्रस्ट में कथित चढ़ावा, दान और जमीन की खरीद में अनियमितताओं के विरोध में शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) द्वारा पखांजूर बाजार चौक में विरोध प्रदर्शन किया गया। इस दौरान पार्टी कार्यकर्ताओं ने आम हिंदू जनमानस के बीच पहुंचकर मंदिर और उससे जुड़ी व्यवस्थाओं में कथित अनियमितताओं के संबंध में जनजागरण अभियान चलाया।
शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि अयोध्या में भगवान श्रीराम का भव्य मंदिर हिंदू समाज की सदियों पुरानी आस्था और संघर्ष का परिणाम है। सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के बाद मंदिर निर्माण का मार्ग प्रशस्त हुआ और देश-विदेश के करोड़ों श्रद्धालुओं ने मंदिर निर्माण एवं धार्मिक गतिविधियों के लिए आर्थिक सहयोग के साथ-साथ सोना, चांदी तथा अन्य वस्तुओं का दान किया।
प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि मंदिर से जुड़े दान एवं चढ़ावे तथा मंदिर के लिए खरीदी गई जमीनों के मामलों में कथित तौर पर वित्तीय अनियमितताएं और हेरफेर किए जाने की शिकायतें सामने आई हैं। शिवसेना ने इन मामलों की निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है।
कार्यकर्ताओं ने कहा कि भगवान श्रीराम करोड़ों हिंदुओं की आस्था के केंद्र हैं और उनकी आस्था से जुड़े किसी भी प्रकार के कथित भ्रष्टाचार या अनियमितता को स्वीकार नहीं किया जा सकता। प्रदर्शन के दौरान लोगों को इस मुद्दे के बारे में जानकारी देते हुए मंदिर की व्यवस्थाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग की गई।
शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) ने मांग की कि अयोध्या राम मंदिर से जुड़े चढ़ावे, दान और जमीन संबंधी मामलों की निष्पक्ष जांच कराई जाए तथा यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो दोषी व्यक्तियों के खिलाफ कानून के तहत कड़ी कार्रवाई की जाए।
पार्टी ने कहा कि श्रद्धालुओं द्वारा आस्था और विश्वास के साथ दिए गए दान का उपयोग पूरी पारदर्शिता के साथ धार्मिक एवं जनहित के कार्यों में होना चाहिए। प्रदर्शन के माध्यम से शिवसेना ने केंद्र एवं संबंधित संस्थाओं से पूरे मामले में पारदर्शिता बरतने और श्रद्धालुओं के विश्वास की रक्षा करने की मांग की।




